रांची न्यूज डेस्क: रांची के एयरपोर्ट थाना क्षेत्र स्थित ‘द टीटोस रेस्टोरेंट’ में हुई सनसनीखेज हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए महज 9 दिनों में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इस कार्रवाई के साथ ही शहर में सक्रिय आपराधिक गिरोहों के नेटवर्क का भी खुलासा हुआ है।
पकड़े गए आरोपियों में कुबेर उर्फ मनीष सिंह उर्फ अमन सिंह, अफजल अमन उर्फ बाबर, पप्पू भुइया और मो. शद्दाब आलम उर्फ डॉक्टर शामिल हैं। इनमें कुबेर पलामू का रहने वाला है, जबकि बाकी तीन आरोपी धनबाद के निवासी हैं।
सिटी एसपी पारस राणा के अनुसार, 7 मार्च की रात करीब 8:25 बजे गैंगस्टर प्रिंस खान के गुर्गों ने रेस्टोरेंट में घुसकर कर्मचारी मनीष गोप को गोली मार दी थी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद 8 मार्च को एयरपोर्ट थाना में केस दर्ज कर जांच शुरू की गई। एसएसपी राकेश रंजन के निर्देश पर एसआईटी का गठन किया गया, जिसने लगातार छापेमारी कर अहम सुराग जुटाए।
16 मार्च को सूचना मिली कि गैंग के सदस्य धनबाद के बोरागढ़-भागाबांध इलाके में छिपे हुए हैं। इसके बाद रांची और धनबाद पुलिस की संयुक्त टीम ने इलाके को घेर लिया। खुद को घिरता देख अपराधियों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी, जिसके जवाब में पुलिस ने भी कार्रवाई की।
मुठभेड़ के दौरान कुबेर सिंह और विक्की डोम के पैर में गोली लगी, जबकि अफजल अमन भागते समय घायल हो गया। सभी घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इस दौरान पुलिस की गाड़ी भी क्षतिग्रस्त हुई।
मौके से पुलिस ने अवैध हथियार, कारतूस, खोखे, एक पल्सर बाइक और दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इस संबंध में पुटकी थाना में अलग से मामला दर्ज किया गया है।
पूछताछ के बाद पुलिस ने पप्पू भुइया और शद्दाब आलम को भी गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। जांच में सामने आया है कि इस हत्याकांड की साजिश प्रिंस खान और सुजीत सिन्हा ने मिलकर रची थी। दोनों गिरोह संगठित तरीके से अपराध को अंजाम दे रहे थे।
पुलिस का कहना है कि पूछताछ में गिरोह के नेटवर्क से जुड़ी कई अहम जानकारियां मिली हैं। अन्य आरोपियों की पहचान कर ली गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।